ਓਹਦੇ ਨਾਲ ਸੋਚੇ ਸੁਪਨੇ, ਹੋਏ ਨਾ ਪੂਰੇ,
ਓਹਦੇ ਨਾਲ ਦੇਖੇ ਖ਼ਵਾਬ, ਰਹਿ ਗਏ ਅਧੂਰੇ,
ohde naal soche supne, hoye na poore
ohde naal dekhe khawaab, reh gaye adhoore
ਓਹਦੇ ਨਾਲ ਸੋਚੇ ਸੁਪਨੇ, ਹੋਏ ਨਾ ਪੂਰੇ,
ਓਹਦੇ ਨਾਲ ਦੇਖੇ ਖ਼ਵਾਬ, ਰਹਿ ਗਏ ਅਧੂਰੇ,
ohde naal soche supne, hoye na poore
ohde naal dekhe khawaab, reh gaye adhoore
जाने कहाँ बैठकर देखती होगी, वो आज जहां भी रहती है..
नाराज़ है वो किसी बात को लेकर, सपनों में आकर कहती है..
मैं याद नहीं करता अब उसको, चुप-चाप देखकर सहती है..
वो चली गई भले दुनिया से, मेरे ज़हन में अब भी रहती है..
उसे चाहता हूँ पहले की तरह, ये तो वो आज भी कहती है..
किसी और संग मुझे देख-ले गर जो, वो आज भी लड़ती रहती है..
ना वो भूली ना मैं भुला, भले भूल गई दुनिया कहती है..
रहती थी पहले भी पास मेरे, मेरे साथ आज भी रहती है..
Ohda mera sath howe
Vich rishte khuda da vaas howe😇..!!
Rooh di rooh naal sohbat howe
Saadgi bhari mohobbat howe❤️..!!
ਉਹਦਾ ਮੇਰਾ ਸਾਥ ਹੋਵੇ
ਵਿੱਚ ਰਿਸ਼ਤੇ ਖੁਦਾ ਦਾ ਵਾਸ ਹੋਵੇ😇..!!
ਰੂਹ ਦੀ ਰੂਹ ਨਾਲ ਸੋਹਬਤ ਹੋਵੇ
ਸਾਦਗੀ ਭਰੀ ਮੋਹੁੱਬਤ ਹੋਵੇ❤️..!!