
Shaher tere kadar nahi lokan nu sachhe pyar di
me maseeha vekheya bimaar tere shehar da
rog ban ke reh gya pyar tere shehar da

Shaher tere kadar nahi lokan nu sachhe pyar di
me maseeha vekheya bimaar tere shehar da
rog ban ke reh gya pyar tere shehar da
मैं ये सोचता हूं मेरा हाल क्या होगा
जब मेरी मां का इंतकाल होगा
अभी तक मैने कोई फर्ज पूरा नहीं किया
अभी तक कोई उसका कोई कर्ज पूरा नहीं किया
मेरे पास अभी वक्त ही नही है
पर वो मुझसे सख्त भी नही है
वो मंजर कैसे देखूंगा
वो बदनसीबी का साल होगा
मेरी मां का जब इंतकाल होगा
ऐ खुदा बस इतनी सी दुआ है मेरी
खुश रहे जब तक मां है मेरी
मैं उस जन्नत में खो जाना चाहता हूं
अपनी मां के आंचल में सो जाना चाहता हूं
ये दौलत नही मैं प्यार लेना चाहता हूं
उससे आशीष को उधार लेना चाहता हूं
मैं पैसे का क्या करूंगा ये माल क्या होगा
जब मेरी मां का इंतकाल होगा
ऐसे खामोश रहूंगा तो वक्त बीत जायेगा
वो बूढ़ी हो जायेगी बुढ़ापा जीत जायेगा
जब तक जिंदा है पूजा करना चाहता हूं
और कोई ना दूजा करना चाहता हूं
अभी भी वक्त है ले लो आशीष को
वरना जीवन भर तुमको मलाल होगा
मैं ये सोचता हूं मेरा हाल क्या होगा
मेरी मां का जब इंतकाल होगा
ithe lok nibhaunde bahut ghat ne
ajmaa ke vekh chadd jande ne saare
yaariyaa pyaar dhokha ki hunda
la taa lainde aa hashar jande hoye v saare
ਇਥੇ ਲੋਕ ਨਿਭਾਉਂਦੇ ਬਹੁਤ ਘੱਟ ਨੇ
ਅਜ਼ਮਾ ਕੇ ਵੇਖ ਛੱਡ ਜਾਂਦੇ ਨੇ ਸਾਰੇ
ਯਾਰੀਆਂ ਪਿਆਰ ਧੋਖਾ ਕੀ ਹੁੰਦਾ
ਲਾ ਤਾਂ ਲੈਂਦੇ ਆ ਹਸ਼ਰ ਜਾਣਦੇ ਹੋਏ ਵੀ ਸਾਰੇ
—ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ