
Jad nashe ohde ch dil choor hoyia
Rabbi shakti jeha oh noor hoyia
Jo rooh vich vasseya khuda ban ke..!!

महर-ओ- वफ़ा की शमआ जलाते तो बात थी
इंसानियत का पास निभाते तो बात थी
जम्हूरियत की शान बढ़ाते तो बात थी
फ़िरक़ा परस्तियों को मिटाते तो बात थी
जिससे कि दूर होतीं कुदूरत की ज़ुल्मतें
ऐसा कोई चराग़ जलाते तो बात थी
जम्हूरियत का जश्न मुबारक तो है मगर
जम्हूरियत की जान बचाते तो बात थी
ज़रदार से यह हाथ मिलाना बजा मगर
नादार को गले से लगाते तो बात थी
बर्बाद होने का तो कोई ग़म नहीं मगर
अपना बनाके मुझको मिटाते तो बात थी
हिंदुस्तान की क़सम ऐ रेख़्ता हूँ ख़ुश
पर मुंसिफ़ी की बात बताते तो बात थी
Kujh zindagi de din change, kujh maadhe mile
kujh apne saath chhad gaye, kujh gairaa de sahaare mile
kai changeyaa ne changa sikhayeya,
bureyaa ton v sabak karare mile
ਕੁਝ ਜ਼ਿੰਦਗੀ ਦੇ ਦਿਨ ਚੰਗੇ,ਕੁਝ ਮਾੜੇ ਮਿਲੇ..
ਕੁਝ ਆਪਣੇ ਸਾਥ ਛੱਡ ਗਏ,ਕੁਝ ਗੈਰਾਂ ਦੇ ਸਹਾਰੇ ਮਿਲੇ..
ਕਈ ਚੰਗਿਆ ਨੇ ਚੰਗਾ ਸਿਖਾਇਆ,ਬੁਰਿਆ ਤੋਂ ਵੀ ਸਬਕ ਕਰਾਰੇ ਮਿਲੇ..