
haye main kis zalim se dil ko
lagaye baitha hun
inhi raaho se aayenge
shyed mere marne ke baad
mai kitna nadaan hun abhi bhi
dil ko samjhai baitha hun

Koi Halaat nai samjhda
koi jajbaat nai samjhda
gusaa taan har koi dekh lainda
guse pichhe lukeya pyar koi na samjhda
ਕੋਈ ਹਲਾਤ ਨੀ ਸਮਝਦਾ,,😔
ਕੋਈ ਜਜ਼ਬਾਤ ਨੀ ਸਮਝਦਾ,,🙄
ਗੁੱਸਾ ਤਾਂ ਹਰ ਕੋਈ ਦੇਖ ਲੈਂਦਾ,,🤦
ਗੁੱਸੇ ਪਿੱਛੇ ਲੁਕਿਆ ਪਿਆਰ ਕੋਈ ਨੀ ਸਮਝਦਾ।।💔💔
इरादे उम्मीदों के,सख़्त लगते हो
तुम मुझे मेरा,बुरा वक्त लगते हो
होठों पर नज़र,नहीं जाती है क्या
माथा चूम कर,क्यू गले लगते हो
यार लहज़ा ऐसा, क्यूं है तुम्हारा
देखने में,इंसान तो भले लगते हो
तुम्हे क्या पता,दिल कहतें हैं इसे
तुम जो खिलोने, बेचने लगते हो
सच्चा इश्क़ ही तो, मांगा है मैंने
हर बार ये क्या, सोचने लगते हो
उदास हो कर कहते हैं,अलविदा
जब तुम ये,घड़ी देखने लगते हो
के कुछ पहेलियां भी,समझा करो
तुम मतलब,क्यों पूछने लगते हो
कोई ख्याल बचा कर,रखो भैरव
तुम तो बस,कलम ढूढने लगते हो