Bande fakkar kde fikar nahi karde,
Kinne hi hon dukhi kade zikr nhi karde..
ਬੰਦੇ ਫੱਕਰ ਕਦੇ ਫਿਕਰ ਨਹੀਂ ਕਰਦੇ,
ਕਿੰਨੇ ਹੀ ਹੋਣ ਦੁਖੀ ਕਦੇ ਜਿਕਰ ਨਹੀਂ ਕਰਦੇ |
Bande fakkar kde fikar nahi karde,
Kinne hi hon dukhi kade zikr nhi karde..
ਬੰਦੇ ਫੱਕਰ ਕਦੇ ਫਿਕਰ ਨਹੀਂ ਕਰਦੇ,
ਕਿੰਨੇ ਹੀ ਹੋਣ ਦੁਖੀ ਕਦੇ ਜਿਕਰ ਨਹੀਂ ਕਰਦੇ |
At childhood we cry loudly to get what we love
But when we grow we cry silently to forget what we love…💔😔
करें परिंदे बात गगन में, आज पानी कहीं नहीं दिख रहा..
दूजा कहे, अरे दिखे कहां से, वो देख दुकान में बिक रहा..
गरमी है बहुत, अरे जाए कहाँ, बदन भट्टी जैसे सिक रहा..
प्यास लगी है बहुत मुझे, मगज एक जगह नहीं टिक रहा..
अरे कुछ तो कर पानी का भाई, ठंडा नहीं तो गरम पिला..
दौडाई नजर दूजे ने हर ओर, दोस्त का दुख उससे न झिला..
वो देख वहां शायद कुछ है, खुशी से अब चेहरा है खिला..
पानी थोडा, लड बेठे वो, पहले मुझे मिला.. पहले मुझे मिला..
Keep some water on the roof for birds in summer🙏