
Nashile jehe naina di lod lag gyi e
Mannda nhi dil vasso Bahr hoyi janda e
Sajjna de pyar di tod lag gyi e..!!

नींद बेचैनी से कटती रही
ख्वाब कोहरे मे छुपती रही
तेरी आवाज़ से मैं अनसुनी रही
तु मिला न कही मंज़िलों पे
मैं भटकती भटकती
तुझे ढूंढती रही
तेरा मेरा रिश्ता इन
काग़ज़ों पे खत्म हो गया
साथ तेरा मेरा युं सिमट सा गया
जैसे चार दिवारी में बंध सा गया
तेरी बातों को मैं याद करता
तेरी हँसी को मैं याद करता
हमारे उन्ही हसीन पलो को
हररोज सजाया करता
Jan ne da hakk vi nahi reha kujh sanu
Haal puchiye taan kehnde ne
“Mar nahi chlle asi”💔..!!
ਜਾਣਨੇ ਦਾ ਹੱਕ ਵੀ ਨਹੀਂ ਰਿਹਾ ਕੁਝ ਸਾਨੂੰ
ਹਾਲ ਪੁੱਛੀਏ ਤਾਂ ਕਹਿੰਦੇ ਨੇ
“ਮਰ ਨਹੀਂ ਚੱਲੇ ਅਸੀਂ”💔..!!