सर झुकाने की आदत नहीं आंसू बहाने की आदत नहीं,
हम बिछड़ गए तो रोओगे,
क्योंकि हमारी लौट के आने की आदत नहीं.🙏👍
सर झुकाने की आदत नहीं आंसू बहाने की आदत नहीं,
हम बिछड़ गए तो रोओगे,
क्योंकि हमारी लौट के आने की आदत नहीं.🙏👍
लफ्ज़ दर लफ्ज़ बढ़ती गई
चाहत कुछ लिखने की,
ज़हन के खाली पन्नों में कोई मुद्दतों से नहीं उतरा...
एक लड़की से मैं बहुत प्यार करता हु ।
ऐसे मिलो तो बड़ी सख्त बनती है
पर दिल से बड़ी बच्ची है
दिन भर उलझी रहती है वो बात तक नहीं करती
पर जब वो बात कर अपने इश्क में और पागल कर देती है
फिर बोले जो जो वो मैं भी वो वो करता हु
एक लड़की से मैं भी बहुत प्यार करता हु ।
दिल की बाते अपनी बताती नही है
मोहब्बत अपनी जताती नही है
अपने ख्वाबों से है प्यार उसे
पर मेरी जगह किसी को बिठाती नही है
वो जब जब मुस्कुराती है
एक सुरूर सा छा जाता है
उस जैसा होगा कहां कोई
मैं उसकी हर बात से प्यार करता हूं
एक लड़की से मैं भी प्यार करता हूं।