
Jag utte e satikar bahla..!!
Asi sajda othe kareya e
Jithe kadar izzat te pyar bahla..!!

बात बस इतनी सी है कि... जिस दर में सिर झुकाओ तो अपनी नीयत साफ रखना, दुआएं भी नीयत से होती है, दुआओं की कोई नीयत नहीं होती...
दूर से ही हाथ हिला के चला जाऊंगा।
मैं तुमसे नजरे मिला के चला जाऊंगा।
नजरअंदाज कर देना ज़माने की तरह तुम भी,
नशे में हूं चिल्लाऊंगा चिल्ला के चला जाऊंगा।
हर वजह खत्म कर दूंगा मैं अपने लौटने की,
मत सोचना कि उम्मीद दिला के चला जाऊंगा।
मिटा दूंगा हर एक निशानी मोहब्बत की,
मैं अपना आशियाना जला के चला जाऊंगा।
जिसकी खुशबू से महक उठे सारा जमाना,
मैं वो फूल चमन में, खिला के चला जाऊंगा।
याद रखो न रखो, फ़ैसला तुम्हारा है “शिवम”
मैं इक बार चेहरा, दिखला के चला जाऊंगा।
❀❀❀❀❀❀❀❀❀❀❀❀❀❀❀