टेंशन उतना ही लो जितने में काम हो जाये,
उतनी नहीं कि जिंदगी ही तमाम हो जाये !
टेंशन उतना ही लो जितने में काम हो जाये,
उतनी नहीं कि जिंदगी ही तमाम हो जाये !
यह अधूरा इश्क कब पूरा होगा
होगा भी जा अधूरा रहेगा
ना तुम आए ना पैगाम आया
तुम्हरे पैगाम का कब तक
इंतजार रहेगा
कौन सी जगह है वोह
जहा पर वोह सो गया
ना जाने कौन सी वोह गालियां है
जिस शहर की गलियों में खो गया
हम गलियों मै देख आए
ना गलियों मै वोह मिला
हम बात उसकी कर रहे
हमें छोड़ कर जो गया
नाजने कौन सी वोह गालियां है
जिस शहर की गलियों में खो गया
हम पहचान बताते हैं उसकी
सफेद रंग और काले घने बाल है।
कहां रहते हैं वोह कोनसे गांव और शहर में
एकेले थे जा कोई नाल है।
काले रंग की पेंट और कमीज़ पहनते है।
एक हाथ मै डायरी और एक हाथ
मे कलम पकड़ कर रखते हैं।
उनकी चाहत सबसे ज्यादा डायरी से
और वोह डायरी को
सिने से जकड़ कर रखते है।
उनका नाम है हर्ष
जो शायरी करते थे
अब तो नाम उनका गुमनाम सा हो गया
ना जाने कौन सी वोह गालियां है
जिस शहर की गलियों में खो गया।
Na pharol sade dil diyaan kitaaban tu
je parrna chave tan ek akhar na padh pawegi tu
je sarna chave tan ek varka na saadh pawegi tu
ਨਾ ਫਰੋਲ ਸਾਡੇ ਦਿਲ ਦੀਆਂ ਕਿਤਾਬਾਂ ਤੂੰ
ਜੇ ਪੜ੍ਹਨਾ ਚਾਹੇ ਤਾਂ ਇਕ ਅੱਖਰ ਨਾ ਪੜ੍ਹ ਪਾਵੇਗੀ ਤੂੰ
ਜੇ ਸਾੜਨ ਲੱਗੀ ਤਾਂ ਇਕ ਵਰਕਾ ਨਾ ਸਾੜ੍ਹ ਪਾਵੇਗੀ ਤੂੰ 😌😒 #GG