Samandar na sahi par ek nadi to honi chahiye
Tere shehar mein zindagi kahi to honi chahiye✨
समंदर न सही पर एक नदी तो होनी चाहिए
तेरे शहर में ज़िन्दगी कही तो होनी चाहिए✨
Samandar na sahi par ek nadi to honi chahiye
Tere shehar mein zindagi kahi to honi chahiye✨
समंदर न सही पर एक नदी तो होनी चाहिए
तेरे शहर में ज़िन्दगी कही तो होनी चाहिए✨
apanee to zindagee hai ajeeb kahaani hai,
jis cheez ko chaah hai vo hee begaani hai,
hansate bhee hai to duniya ko hansaane ke lie,
varana duniya doob jaaye in aakhon mein itana paani hai..
अपनी तो ज़िन्दगी है अजीब कहानी है,
जिस चीज़ को चाह है वो ही बेगानी है,
हँसते भी है तो दुनिया को हँसाने के लिए,
वरना दुनिया डूब जाये इन आखों में इतना पानी है..
ख़िज़ाँ का दौर हो या हो बहार का मौसम
मेरे लिए नहीं कोई क़रार का मौसम
किसे ख़बर थी बिछड़कर न मिल सकेंगे कभी
न ख़त्म होगा तेरे इन्तिज़ार का मौसम
ग़रज़ का दौर है सबको हैं अपनी अपनी धुन
किसी को रास न आया पुकार का मौसम
ढला है हुस्न तो मशहूर बेवफ़ाई हुई
गुज़र गया है तेरे इन्तिज़ार का मौसम
उड़ाए फिरती है आवारगी की आंधी हमें
हमें नसीब कहाँ ज़ुल्फ़-ए- यार का मौसम
बुझे हैं रेख़्ता हम तो बुझे नज़ारे हैं
उदास उदास लगा हुस्न -ए- यार का मौसम