तू तोड़ दे वो कसम जो तूने खाई है,
कभी कभी याद करने में क्या बुराई है,
तुझे याद किये बिना रहा भी तो नही जाता,
तूने दिल में जगह जो ऐसी बनाई है।
तू तोड़ दे वो कसम जो तूने खाई है,
कभी कभी याद करने में क्या बुराई है,
तुझे याद किये बिना रहा भी तो नही जाता,
तूने दिल में जगह जो ऐसी बनाई है।
Kuch to baat thi us chehre mein
Jo sabkuch bhool gaya hun😐
Puchta hoon kisi se
Shayad apne ghar ka rasta bhool gya hun..😶😶
कुछ तो बात थी उस चेहरे में
जो सबकुछ भूल गया हूं,😐
पूछता हूं किसी से,
शायद अपने घर का रास्ता भूल गया हूं…😶
बरसातों में शब भर भीगे भोर के मंज़र प्यासे हैं!
हमने जो भी गढ़े प्यार के सारे पैकर प्यासे हैं!
एक नशा सा घोल रहे हैं सबके मन मे ये लेकिन!
पढो़ गौर से इन नज्मों के सारे अक्षर प्यासे हैं!!
हर्ष✍️