Pyar de kosh ch “mein” nhi hundi
Jithe “mein” howe othe pyar nhi hunda..!!
ਪਿਆਰ ਦੇ ਕੋਸ਼ ‘ਚ “ਮੈਂ” ਨਹੀਂ ਹੁੰਦੀ
ਜਿੱਥੇ “ਮੈਂ” ਹੋਵੇ ਉੱਥੇ ਪਿਆਰ ਨਹੀਂ ਹੁੰਦਾ..!!
Pyar de kosh ch “mein” nhi hundi
Jithe “mein” howe othe pyar nhi hunda..!!
ਪਿਆਰ ਦੇ ਕੋਸ਼ ‘ਚ “ਮੈਂ” ਨਹੀਂ ਹੁੰਦੀ
ਜਿੱਥੇ “ਮੈਂ” ਹੋਵੇ ਉੱਥੇ ਪਿਆਰ ਨਹੀਂ ਹੁੰਦਾ..!!
Ajj mohobbat di kitab de pattre farole
Taa pata lggeya
Mohobbat ta khuda da hi duja naam hai..!!
ਅੱਜ ਮੋਹੁੱਬਤ ਦੀ ਕਿਤਾਬ ਦੇ ਪੱਤਰੇ ਫਰੋਲੇ
ਤਾਂ ਪਤਾ ਲੱਗਿਆ
ਮੋਹੁੱਬਤ ਤਾਂ ਖੁਦਾ ਦਾ ਹੀ ਦੂਜਾ ਨਾਮ ਹੈ..!!
माना मुझे अब जरूरत नहीं तेरी , पर जिंदगी में एक मलाल तो है ।
कबूलनामा भी दे चुके महफिलों में पर , लोगों की निगाहों में कुछ सवाल तो है ।।
सपनों सा लगता एक ख्वाब तो है , मेरा हर अंदाज़ लाजवाब तो है ।
चाहता नहीं मेरी कलम से कोई बेइज्जत हो जाए , वरना मेरे पास भी कुछ लोगों का हिसाब तो है ।।
हाँ मोहब्बत भूल थी मेरी , आज बेबाकी से एक गुनाह कुबूल करता हूँ ।
कुछ काले किस्से हैं बीते हुए लम्हें , अब हर किस्से को मशहूर करता हूँ ।।
जिद्दी है मेरा दिल बड़ा , इसे आज मैं ज़रा मजबूर करता हूँ ।
बहुत हो चुकी मोहब्बत में नाफरमानी , सिर आँखों पर अपना गुरूर करता हूँ ।।