Sachi mohobat kaha hai aaj ke zamane me
yaha pyar roj bikta hai mehkhane me
सची मोहबत कहा है आज के जमाने मे,
यहाँ प्यार रोज बिकता है मेहखाने में
Sachi mohobat kaha hai aaj ke zamane me
yaha pyar roj bikta hai mehkhane me
सची मोहबत कहा है आज के जमाने मे,
यहाँ प्यार रोज बिकता है मेहखाने में
हमारा तिरंगा
देश का प्रतीक है यह,
हर हिंदुस्तानी के नज़दीक है यह।
हर डर भुला देता है,
एक जोश जगा देता है।
सूरज सा ‘नारंगी’ तेज है इसमें,
शांति का ‘सफेद’ संदेश है इसमें।
इसमे खुशिओं की ‘हरियाली’ है,
यह चक्रवर्ती ‘चक्रधारी’ है।
वो फसलों सा लहराता है,
वो हर ऊंचाई से ऊपर जाता है।
एक बच्चे सा भोला है यह,
वक़्त पड़ने पर दहकता शोला है यह।
मित्रों का मीत है यह,
हर बुराई पर जीत है यह।
जीने का अंदाज़ है यह,
अपनी माटी का एहसास है यह।
इसकी अलग ही शान है,
यह हमारा तिरंगा महान है।।
