Tu hi ikk hor zind da Sahara koi na
Sanu tere bina sajjna gawara koi na❤️..!!
ਤੂੰ ਹੀ ਇੱਕ ਹੋਰ ਜ਼ਿੰਦ ਦਾ ਸਹਾਰਾ ਕੋਈ ਨਾ
ਸਾਨੂੰ ਤੇਰੇ ਬਿਨਾਂ ਸੱਜਣਾ ਗਵਾਰਾ ਕੋਈ ਨਾ❤️..!!
Tu hi ikk hor zind da Sahara koi na
Sanu tere bina sajjna gawara koi na❤️..!!
ਤੂੰ ਹੀ ਇੱਕ ਹੋਰ ਜ਼ਿੰਦ ਦਾ ਸਹਾਰਾ ਕੋਈ ਨਾ
ਸਾਨੂੰ ਤੇਰੇ ਬਿਨਾਂ ਸੱਜਣਾ ਗਵਾਰਾ ਕੋਈ ਨਾ❤️..!!
कब्र दर कब्र इक इश्तिहार जा रहा है,
अपना था कोई वो जो दूर जा रहा है,
मोहब्बत सही, इश्क सही, पास नहीं है अब,
जोगी इसी धुन में कोई गीत गा रहा है...
जो अपने थे वो चले गए....
हर वक्त आंसू पोंछने कोई पास आ रहा है,
मालूम है वो भी चला जायेगा फिर आंसू देकर,
जोगी इसी धुन में कोई गीत गा रहा है...
मतलबी, बेशर्म, बेईमान है दुनिया सारी
मालूम है की जीने नहीं देगी... देखो...
मेरी कब्र से भी मेरा इश्तिहार आ रहा है...
जोगी इसी धुन में कोई गीत गा रहा है...
Chupke se uski tasveer sirhane mein rakhkar so jata hu mein,
Aur vo mere khwabon mein aa jaya karta hai… 🥀
चुपके से उसकी तस्वीर सिरहाने में रखकर सो जाता हूं मैं,
और वो मेरे ख्वाबों में आ जाया करता है…🥀