उसे जाते हुये मैंने रोका बहोत था
ये दिल अपनी सफाई मे चीखा बहोत था ,
जिस शफ मे खड़े थे हम अपनी सच्चाई लेके
उसमे झूठ बिका बहोत था ।
मैं थक गया था अपनी सफाई देके
पर रकीब का फसाना भरी बहोत था ।
……….अजय महायच .
उसे जाते हुये मैंने रोका बहोत था
ये दिल अपनी सफाई मे चीखा बहोत था ,
जिस शफ मे खड़े थे हम अपनी सच्चाई लेके
उसमे झूठ बिका बहोत था ।
मैं थक गया था अपनी सफाई देके
पर रकीब का फसाना भरी बहोत था ।
……….अजय महायच .
jindagee to usakee hai jisakee maut pe jamaana aphasos kare,
varana janam to har kisee ka marane ke lie hee hota hai…
जिंदगी तो उसकी है जिसकी मौत पे जमाना अफसोस करे,
वरना जनम तो हर किसी का मरने के लिए ही होता है…
vo to hum the isliye
warna
waqt ke jis daur se hum guzre hai
is daur se koi aur guzarta to guzar jata🙌💔
वो तो हम थे इसलिए
वरना
वक्त के जिस दौर से हम गुजरे है
इस दौर से कोई और गुजरता तो गुजर जाता🙌💔