Na jaane tere ankhon me wo baat thi,
Ya tere baaton me wo baat thi,
Par bohoot khubsurat wo raat thi,
Jab tum mere saath thi
Na jaane tere ankhon me wo baat thi,
Ya tere baaton me wo baat thi,
Par bohoot khubsurat wo raat thi,
Jab tum mere saath thi

तू क्यूं उसे इस क़दर तांक रहा है,
हां वही फकीर, जो वहां नाच रहा है…
मुस्कुरा रहा है तू उसकी फटी कमीज़ देखकर,
देख, वो भी हंस रहा है तेरी तमीज़ देखकर…
सोच मत, के उसकी किस्मत तुझसे हारी है,
उसकी खाली जेब तेरे पैसों से ज्यादा भारी है…
वो तो हर घर दुआएं बांटता है,
जैसे हर दर खुदाए बांटता है…
मखमल का बिछौना तुझे रास नहीं आता,
देख, वो घास में सोने से बाज़ नहीं आता…
छुपाता है तू असलियत झूठी मुस्कान के पीछे,
कितना सुकून है उसकी हर मुस्कान के पीछे…