Teri peedhan nu jihne gal layeya
Yaad ohnu kar k soyia kar..!!
Shad dukhde sunaune duniya nu
Murshad de gal lag royia kar..!!
ਤੇਰੀ ਪੀੜਾਂ ਨੂੰ ਜਿਹਨੇ ਗਲ ਲਾਇਆ
ਯਾਦ ਉਹਨੂੰ ਕਰ ਕੇ ਸੋਇਆ ਕਰ..!!
ਛੱਡ ਦੁੱਖੜੇ ਸੁਣਾਉਣੇ ਦੁਨੀਆਂ ਨੂੰ
ਮੁਰਸ਼ਦ ਦੇ ਗਲ ਲੱਗ ਰੋਇਆ ਕਰ..!!
Teri peedhan nu jihne gal layeya
Yaad ohnu kar k soyia kar..!!
Shad dukhde sunaune duniya nu
Murshad de gal lag royia kar..!!
ਤੇਰੀ ਪੀੜਾਂ ਨੂੰ ਜਿਹਨੇ ਗਲ ਲਾਇਆ
ਯਾਦ ਉਹਨੂੰ ਕਰ ਕੇ ਸੋਇਆ ਕਰ..!!
ਛੱਡ ਦੁੱਖੜੇ ਸੁਣਾਉਣੇ ਦੁਨੀਆਂ ਨੂੰ
ਮੁਰਸ਼ਦ ਦੇ ਗਲ ਲੱਗ ਰੋਇਆ ਕਰ..!!
हमने डूबते सूरज की एक शाम को अपना किरदार बदल डाला,
के उस मोहब्बत की चुभन को शायरी का नजमा दे डाला,
लोग मेरी तकरीरों पर वाह वाही दे रहे थे,
भीड़ में कुछ लोग ताली बजाकर, तो कुछ लोग अपनी नाकाम मोहब्बत की दलील दे रहे थे।
महफिल के शोर से एक जानी पहचानी सी आवाज आई,
तू आज भी आगे नहीं बढ़ा की उसने गुहार लगाई,
उसकी इस शिकायत में परवान था पुराने यारो का ।
मै हैरान था कौन था यह शक्स
अनजानों की भीड़ में जिसने मेरे शब्दो में छुपी नाकाम मोहब्बत को पहचाना था,
मुस्कुराता हुआ सामने आया तब समझ आया अरे यह तो यार पुराना था।
Jinna bina kade saah nahi c aunda
ajh ohna bina apne saah gin rahe aa
ਜਿੰਨਾਂ ਬਿਨਾਂ ਕਦੇ ਸਾਹ ਨਹੀਂ ਸੀ ਆਉਂਦਾ
ਅੱਜ ਉਹਨਾਂ ਬਿਨਾਂ ਅਪਣੇ ਸਾਹ ਗਿਣ ਰਹੇ ਆਂ…..