Bhul ja hun mainu tu bhawe yaad rakh
painge bhulekhe tainu
yaad rakh
ਭੁੱਲ ਜਾ ਹੁਣ ਮੈਨੂੰ ਤੂੰ ਭਾਂਵੇ ਯਾਦ ਰੱਖ
ਪੈਣਗੇ ਭੁਲੇਖੇ ਤੈਨੂੰ
ਯਾਦ ਰੱਖ
Bhul ja hun mainu tu bhawe yaad rakh
painge bhulekhe tainu
yaad rakh
ਭੁੱਲ ਜਾ ਹੁਣ ਮੈਨੂੰ ਤੂੰ ਭਾਂਵੇ ਯਾਦ ਰੱਖ
ਪੈਣਗੇ ਭੁਲੇਖੇ ਤੈਨੂੰ
ਯਾਦ ਰੱਖ
हमने डूबते सूरज की एक शाम को अपना किरदार बदल डाला,
के उस मोहब्बत की चुभन को शायरी का नजमा दे डाला,
लोग मेरी तकरीरों पर वाह वाही दे रहे थे,
भीड़ में कुछ लोग ताली बजाकर, तो कुछ लोग अपनी नाकाम मोहब्बत की दलील दे रहे थे।
महफिल के शोर से एक जानी पहचानी सी आवाज आई,
तू आज भी आगे नहीं बढ़ा की उसने गुहार लगाई,
उसकी इस शिकायत में परवान था पुराने यारो का ।
मै हैरान था कौन था यह शक्स
अनजानों की भीड़ में जिसने मेरे शब्दो में छुपी नाकाम मोहब्बत को पहचाना था,
मुस्कुराता हुआ सामने आया तब समझ आया अरे यह तो यार पुराना था।
(SAJNA)
Dunia vich sare ta ni hunde bure sajna,
Kuj saaf dila de b hunde aaa,
Jeikr tu sade bare janna chahundi aaa,
Ta pind vich geida marke bekhi sajna,
Tere sare beham door ho jaan ge sajna…..