सफर वही तक जहाँ तक तुम हो,
नज़र वही तक जहाँ तक तुम हो,
वैसे तो हज़ारों फूल खिलतें हैं गुलशन में मगर,
खुशबू वही तक जहाँ तक तुम हो।🥀❣️
सफर वही तक जहाँ तक तुम हो,
नज़र वही तक जहाँ तक तुम हो,
वैसे तो हज़ारों फूल खिलतें हैं गुलशन में मगर,
खुशबू वही तक जहाँ तक तुम हो।🥀❣️
Sathon izhaar mohobbat kar Na hoyia,
Ajeeb hi khel hoyia,,,
Vichadke us kudi ton,,
Fer Na kade mail hoyia,,
Roj Chad di swer oh kahani dohrawe,,
College de raahan te o ajj vi chete aawe,,♥
ਸਾਥੋਂ ਇਜ਼ਹਾਰ ਮਹੁੱਬਤ ਕਰ ਨਾ ਹੋਇਆ,
ਅਜੀਬ ਹੀ ਬਸ ਖੇਲ ਹੋਇਆ,,,
ਵਿਛੜਕੇ ਓਸ ਕੁੜੀ ਤੋਂ,,
ਫੇਰ ਨਾ ਕਦੇ ਮੇਲ ਹੋਇਆ,,
ਰੋਜ਼ ਚੜਦੀ ਸਵੇਰ ਓ ਕਹਾਣੀ ਦੁਹਰਾਵੇ,,
ਕਾਲਿਜ ਦੇ ਰਾਹਾਂ ਤੇ ਓ ਅੱਜ ਵੀ ਚੇਤੇ ਆਵੇ,,♥
कभी थकन के असर का पता नहीं चलता
वो साथ हो तो सफ़र का पता नहीं चलता
वही हुआ कि मैं आँखों में उसकी डूब गया
वो कह रहा था भँवर का पता नहीं चलता
उलझ के रह गया सैलाब कुर्रए-दिल से
नहीं तो दीदा-ए-तर का पता नहीं चलता
उसे भी खिड़कियाँ खोले ज़माना बीत गया
मुझे भी शामो-सहर का पता नहीं चलता
ये मंसबो का इलाक़ा है इसलिए शायद
किसी के नाम से घर का पता नहीं चलता