जमाना किस दिन मेरी बात सुनेगा।
मेरे सवाल कड़ी धूप की रेत में खड़े है।
बिस्तर पे लगे थे उनके भी ज़ख्म भर गए,
जिनके सपने मेरे से दस साल बड़े है।
Enjoy Every Movement of life!
जमाना किस दिन मेरी बात सुनेगा।
मेरे सवाल कड़ी धूप की रेत में खड़े है।
बिस्तर पे लगे थे उनके भी ज़ख्म भर गए,
जिनके सपने मेरे से दस साल बड़े है।
Ho Talluk to rooh se hi ho,
Dil to aksar bhar hi jata hai 💯
हो ताल्लुक तो रूह से ही हो,
दिल तो अक्सर भर ही जाता है।।💯
Zehan mein to hai
Vo kisi sazish mein to hai.
Aankhein nam dekh kar man nahi bhara unka
Koi mujhe toot te hue dekhne ki khwahish mein to hai…🙃
जहन में तो हैं ,
वो किसी साज़िश में तो हैं ,
आंखे नम देख कर मन नहीं भरा उनका ,
कोई मुझे टूटते हुए देखने की ख्वाहिश में तो हैं …🙃