जमाना किस दिन मेरी बात सुनेगा।
मेरे सवाल कड़ी धूप की रेत में खड़े है।
बिस्तर पे लगे थे उनके भी ज़ख्म भर गए,
जिनके सपने मेरे से दस साल बड़े है।
Enjoy Every Movement of life!
जमाना किस दिन मेरी बात सुनेगा।
मेरे सवाल कड़ी धूप की रेत में खड़े है।
बिस्तर पे लगे थे उनके भी ज़ख्म भर गए,
जिनके सपने मेरे से दस साल बड़े है।
ਰੂਹਾਂ ਵਾਲਾ ਗੀਤ ਜਦ ਆਬਸ਼ਾਰ ਗਾਉਣਗੇ
ਤੇਰੇ ਨਾਲ ਬਿਤਾਏ ਦਿਨ ਬੜੇ ਯਾਦ ਆਉਣਗੇ
Roohan wala geet yad aabshaar gaunge
tere naal bitaae din bade yaad aung
Sadhi Chup nu kade v bewasi na samjo…
Bolna v aunda te rolna v
ਸਾਡੀ ਚੁੱਪ ਨੂੰ ਕਦੇ ਵੀ ਬੇਵੱਸੀ ਨਾ ਸਮਝੋ….
ਬੋਲਣਾ ਵੀ ਆਉਦਾ ਤੇ ਰੋਲਣਾ ਵੀ