जिंदगी के सफर में हर शख्स अपना सा मालूम होता है
जब तलक किसी से कोई उम्मीद की डोर ना बांधी जाए..
Enjoy Every Movement of life!
जिंदगी के सफर में हर शख्स अपना सा मालूम होता है
जब तलक किसी से कोई उम्मीद की डोर ना बांधी जाए..
वो शमा की महफ़िल ही क्या,
जिसमे दिल खाक ना हो,
मज़ा तो तब है चाहत का,
जब दिल तो जले, पर राख ना हो
Vo jiske bina 🥺 ek din nhi guzrta tha na yaaro
Ab se uske bagair poori zindagi guzarni hai 🥺
वो जिसके बिना 🥺 एक दिन नही गुजरता था ना यारों
अब से उसके बगैर पूरी जिन्दगी गुजारनी है 🥺