जिंदगी के सफर में हर शख्स अपना सा मालूम होता है
जब तलक किसी से कोई उम्मीद की डोर ना बांधी जाए..
Enjoy Every Movement of life!
जिंदगी के सफर में हर शख्स अपना सा मालूम होता है
जब तलक किसी से कोई उम्मीद की डोर ना बांधी जाए..
Dil te laggi satt nu oh ki samjhugi
jo akhiyaa vichli taang na samajh saki
ਦਿਲ ਤੇ ਲੱਗੀ ਸੱਟ ਨੂੰ ਉਹ ਕੀ ਸਮਝੂਗੀ
ਜੋ ਅੱਖੀਆਂ ਵਿਚਲੀ ਤਾਂਘ ਨਾ ਸਮਝ ਸਕੀ
डर से ही सही पर
इस बात का एहसास हो गया
कि हम किसी के लिए
खास नहीं है