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Zindgi kaha shuru kaha khatam

जिन्दगी कहा शुरु कहा खत्म हो जाती हे
जो रोज दिखती वो दिख्ना कम् हो जाती हैं
जिस मा बिना न होती थी बछ्पन की सुबह
उसे वृद्धाश्रम देख आखे नम हो जाति हे

Title: Zindgi kaha shuru kaha khatam

Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


tujhe bhee ishk || 2 lines shayari hindi

gumaan na kar apanee khush-naseebee ka
khuda ne gar chaaha to tujhe bhee ishk hoga..

गुमान न कर अपनी खुश-नसीबी का
खुदा ने गर चाहा तो तुझे भी इश्क होगा..

Title: tujhe bhee ishk || 2 lines shayari hindi


मेरी वाली alag hai jamane se || hindi shayari

उसके चेहरे में कई राज छुपे हैं, घबराती है बताने से..
कभी बेखौफ करे इजहार कभी, डरे जज्बात जताने से..
कभी आँखों से हटने नहीं देती, कभी फ़र्क नी पड़ता जाने से..
कभी मारने पर हंस पडती है, कभी रोये हाथ लगाने से..
कभी-कभी वो बाज नहीं आती, बेमतलब प्यार लुटाने से..
कभी लगे ना जाने कैसा प्यार है, भर देती दिल वो ताने से..
कभी-कभी वो घबरा जाती है, मुझे अपने पास बुलाने से..
कभी-कभी नहीं थकती वो अपनी, पलकों पे मुझे झूलाने से..
कभी दूर मुझसे है हो जाती, अचानक किसी के आने से..
कभी लड़ पड़ती मेरा हाथ पकड़ कर, मेरे लिए वो भरे जमाने से..
कभी परेशान हो जाता उसके, बेमतलब के शर्माने से..
कभी मुश्किल में फंस जाता हूं, परदा भी उसे कराने से..
अब तो मुझे भी डर है उसके, अचानक ही मुस्कुराने से..
क्या सबकी जिंदगी में है कोई ऐसा, या मेरी ही अलग है जमाने से..

Title: मेरी वाली alag hai jamane se || hindi shayari