इस ग़म के सवेरे में अजीब सा साया है,
दरवाज़े पर मेरे इक फकीर आया है,
उसे भूख है, मुझे अंधेरों ने खाया है,
जो था सब उसे नज़र कैसे ना करता,
वो मेरे लिए मुट्ठी भर रौशनी लाया है…🍂
Enjoy Every Movement of life!
इस ग़म के सवेरे में अजीब सा साया है,
दरवाज़े पर मेरे इक फकीर आया है,
उसे भूख है, मुझे अंधेरों ने खाया है,
जो था सब उसे नज़र कैसे ना करता,
वो मेरे लिए मुट्ठी भर रौशनी लाया है…🍂
बहुत सुकून मिलता है जब उनसे हमारी बात होती है,
वो हजारो रातों में वो एक रात होती है,
जब निगाहें उठा कर देखते हैं वो मेरी तरफ,
तब वो ही पल मेरे लीये पूरी कायनात होती है।❤️🥰
Ishq adhoora poora e magar
Tu Hun kise hor da lekin
Khuab ateet ch tu sirf mera e magar❤
ਇਸ਼ਕ ਅਧੂਰਾ ਪੂਰਾ ਏ ਮਗਰ
ਤੂੰ ਹੁਣ ਕਿਸੇ ਹੋਰ ਦਾ ਲੇਕਿਨ
ਖ਼ੁਆਬ ਅਤੀਤ ਚ ਤੂੰ ਸਿਰਫ ਮੇਰਾ ਏ ਮਗਰ❤