इस ग़म के सवेरे में अजीब सा साया है,
दरवाज़े पर मेरे इक फकीर आया है,
उसे भूख है, मुझे अंधेरों ने खाया है,
जो था सब उसे नज़र कैसे ना करता,
वो मेरे लिए मुट्ठी भर रौशनी लाया है…🍂
Enjoy Every Movement of life!
इस ग़म के सवेरे में अजीब सा साया है,
दरवाज़े पर मेरे इक फकीर आया है,
उसे भूख है, मुझे अंधेरों ने खाया है,
जो था सब उसे नज़र कैसे ना करता,
वो मेरे लिए मुट्ठी भर रौशनी लाया है…🍂
Prathna keval shabdo se nhi dil se bhi honi chahiye
Kyunki ishwar unki bhi sunte hain jo bolte nhi, sirf prathna karte hain ❤
प्रार्थना केवल शब्दों से नहीं दिल से भी होनी चाहिए!!!
क्योंकि ईश्वर उनकी भी सुनते हैं जो बोलते नहीं,सिर्फ प्रार्थना करते हैं!!!❤

Mausam badalde ne te zindagi vichon kujh pate jharrde rehnde ne
par ohna patjharran magron
bahaaran de sohne ful v khirrde hi rehnde ne