भले ही अपने जीगरी दोस्त कम हैं…
पर जीतने भी है परमाणु बम हैं..
Enjoy Every Movement of life!
भले ही अपने जीगरी दोस्त कम हैं…
पर जीतने भी है परमाणु बम हैं..
मैं ख्वाबों से निकल कर हकीकत में आऊं,
तुम हाथ अगर बढ़ाओ तो मैं दिल से बात बढ़ाऊं,
अगर मगर काश में कब तक रहेंगे,
बात जो दिल में न जाने कब से अल्फाजों में उसे समझाउ,
माना बहुत अलग है किरदार हम दोनों के,
तुम अगर बोलो तो अलग अलग किरदार से खूबसूरत साहित्य अपना लिख जाउ❤️
