सारा शहर लिख दिया इक काग़ज़ में,
जिसे भी पढ़ता गया उसे मिटाता गया,
अक्स मिला भी तो खाली पैमानें में, बस
खुदको पढ़ता गया खुदको पिलाता गया....
Enjoy Every Movement of life!
सारा शहर लिख दिया इक काग़ज़ में,
जिसे भी पढ़ता गया उसे मिटाता गया,
अक्स मिला भी तो खाली पैमानें में, बस
खुदको पढ़ता गया खुदको पिलाता गया....
Can’t forget
Jo zindgi mein ek bar aa jate hain..
Vo asaani se bhulaye kahan jate hain..
Pagal..💕

