*गुजर रही है ये जिंदगी बड़े ही नाज़ुक दौर से ..*
*मिलती नहीं तसल्ली तेरे सिवा किसी और से..*
Enjoy Every Movement of life!
*गुजर रही है ये जिंदगी बड़े ही नाज़ुक दौर से ..*
*मिलती नहीं तसल्ली तेरे सिवा किसी और से..*
छोड़ कर पुराने किस्से सब,
चलो कोई नई बात करते है,
अधूरी रह गई थी कहानी जो ,
भूल कर उसे कोई नई शुरूवात करते है,
में किस लिए यहाँ इस कदर जूझ रहा हूँ
जिंदगी बता,
में तुझसे कुछ पूछ रहा हूँ