उनके बारे में सोचूं, तो सोच में सुबह से शाम करदूँ..
मेरी दोस्ती कुबूल है उन्हें, क्या ये ज़िक्र शरेआम करदूँ..
अभी कहदूँ या रुकुं थोडा, जो मेरे दिल में बातें हैं..?
मेरा बस चले तो अपनी मुस्कान का कुछ हिस्सा, मैं उनके नाम करदूँ..
Enjoy Every Movement of life!
उनके बारे में सोचूं, तो सोच में सुबह से शाम करदूँ..
मेरी दोस्ती कुबूल है उन्हें, क्या ये ज़िक्र शरेआम करदूँ..
अभी कहदूँ या रुकुं थोडा, जो मेरे दिल में बातें हैं..?
मेरा बस चले तो अपनी मुस्कान का कुछ हिस्सा, मैं उनके नाम करदूँ..
Tere naal mulakat menu injh japdi e
Jiwe hawawan di hundi kise udd de prinde naal..!!
ਤੇਰੇ ਨਾਲ ਮੁਲਾਕਾਤ ਮੈਨੂੰ ਇੰਝ ਜਾਪਦੀ ਏ
ਜਿਵੇਂ ਹਵਾਵਾਂ ਦੀ ਹੁੰਦੀ ਕਿਸੇ ਉੱਡਦੇ ਪਰਿੰਦੇ ਨਾਲ..!!
