*लखनऊ* की शाम थी, पर *तन्हा* थे हम ।
*मुमकिन* होता तुम मेरे होते तो *साथ* होते हम ।।
❤🔥❤🔥❤🔥
Enjoy Every Movement of life!
*लखनऊ* की शाम थी, पर *तन्हा* थे हम ।
*मुमकिन* होता तुम मेरे होते तो *साथ* होते हम ।।
❤🔥❤🔥❤🔥
काश ।।।।
उसे भी फर्क पड़ता
मेरे हँसने से ..
मेरे रोने से…
मेरे साथ ना होने से …
और यू इल्जाम ना लगते,मेरे जाने से।।।।
“”Ishq Di Mere Mitraa.. Pehchaan ki…??
Mit Jaave Jadon Jid Apnan Di..””