सादगी हमारी हमसे है,
हम क्यूं बदल जाएं हजारों का रुख़ देखकर...
बदलने वाले किसी के अपने नहीं होते,
वो तो यूं ही बदल जाते हैं
नजारों का रुख़ देखकर...
सादगी हमारी हमसे है,
हम क्यूं बदल जाएं हजारों का रुख़ देखकर...
बदलने वाले किसी के अपने नहीं होते,
वो तो यूं ही बदल जाते हैं
नजारों का रुख़ देखकर...
naseeb di gal na kar mere ton
me har jityaa khaab guaaeyaa e
eh akhaa te hanju edaa hi nahi
me zakham dard dil te lukaaeyaa ee
ਨਸ਼ੀਬ ਦੀ ਗੱਲ ਨਾ ਕਰ ਮੇਰੇ ਤੋਂ
ਮੈਂ ਹਰ ਜਿਤੀਆਂ ਖ਼ੁਆਬ ਗੁਆਇਆ ਐਂ
ਏਹ ਅਖਾਂ ਤੇ ਹੰਜੂ ਇਦਾਂ ਹੀ ਨਹੀਂ
ਮੈਂ ਜਖ਼ਮ ਦਰਦ ਦਿਲ ਤੇ ਲੁਕਾਇਆ ਐਂ
—ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ
tumane kya socha ki tumhaare siva koee nahee mujhe chaahane vaala,
pagalee chhodd kar to dekh, maut taiyaar khadhi hai mujhe apne seene lagaane ke liye…
तुमने क्या सौचा कि तुम्हारे सिवा कोई नही मुझे चाहने वाला,
पगली छोङ कर तो देख, मौत तैयार खङी है मुझे अपने सीने लगाने के लीऐ…