Zindagi do shabadaan vich is tarah arajh hai
Adhi k karaz hai
Adhi k faraz hai
ਜ਼ਿੰਦਗੀ ਦੋ ਸ਼ਬਦਾਂ ਵਿੱਚ ਇਸ ਤਰ੍ਹਾਂ ਅਰਜ਼ ਹੈ:
ਅੱਧੀ ਕ ਕਰਜ਼ ਹੈ,
ਅੱਧੀ ਕ ਫਰਜ਼ ਹੈ..
Enjoy Every Movement of life!
Zindagi do shabadaan vich is tarah arajh hai
Adhi k karaz hai
Adhi k faraz hai
ਜ਼ਿੰਦਗੀ ਦੋ ਸ਼ਬਦਾਂ ਵਿੱਚ ਇਸ ਤਰ੍ਹਾਂ ਅਰਜ਼ ਹੈ:
ਅੱਧੀ ਕ ਕਰਜ਼ ਹੈ,
ਅੱਧੀ ਕ ਫਰਜ਼ ਹੈ..
“अक्सर हमें प्यार होने के बाद ही उस शख्स की यादें सताती है.
प्यार न हो तो वो कितना ही प्यारा क्यों न हो वो हमें कभी याद नही आता..”!
ख़ामोश रहता हूं, जीने की कोई आस नहीं मिलती... पहले बात कुछ और थी, अब वो सुकून की सांस नहीं मिलती... मिलती थी पहले हर छोटी छोटी बातों पर, ढेर सारी खुशियां... अब इन अदाकार चेहरों में मुस्कुराहट भी, कुछ ख़ास नहीं मिलती....