Kinne hor tu sahega dukh ve
chhad dila mudh ja graah nu
eve nahi kari di jid oye
ਕਿੰਨੇ ਹੋਰ ਤੂੰ ਸਹੇਗਾ ਦੁੱਖ ਵੇ
ਛੱਡ ਦਿਲਾ ਮੁੜ ਜਾ ਗਰਾਹ ਨੂੰ
ਐਂਵੇ ਨਹੀਂ ਕਰੀ ਦੀ ਜਿਦ ਓਏ ..#GG
Kinne hor tu sahega dukh ve
chhad dila mudh ja graah nu
eve nahi kari di jid oye
ਕਿੰਨੇ ਹੋਰ ਤੂੰ ਸਹੇਗਾ ਦੁੱਖ ਵੇ
ਛੱਡ ਦਿਲਾ ਮੁੜ ਜਾ ਗਰਾਹ ਨੂੰ
ਐਂਵੇ ਨਹੀਂ ਕਰੀ ਦੀ ਜਿਦ ਓਏ ..#GG

दोनों जहान तेरी मोहब्बत में हार के
वो जा रहा है कोई शब-ए-ग़म गुज़ार के
वीराँ है मैकदा ख़ुम-ओ-साग़र उदास है
तुम क्या गये के रूठ गये दिन बहार के
इक फ़ुर्सत-ए-गुनाह मिली वो भी चार दिन
देखे हैं हमने हौसले परवर-दिगार के
दुनिया ने तेरी याद से बेगाना कर दिया
तुझ से भी दिल फ़रेब हैं ग़म रोज़गार के
भूले से मुस्कुरा तो दिये थे वो आज ‘फ़ैज़’
मत पूछ वलवले दिलए-ना-कर्दाकार के