
Enjoy Every Movement of life!
Is bhari kayanat mein ya rab
Apne rehne ko ek ghar bhi nhi
Pedh ke niche jo guzar jaye
Zindagi itni mukhtsar bhi nhi😊
इस भरी कायनात में या रब
अपने रहने को एक घर भी नहीं
पेड़ के नीचे जो गुज़र जाए
ज़िन्दगी इतनी मुख़्तसर भी नहीं😊
छोड़ कर पुराने किस्से सब,
चलो कोई नई बात करते है,
अधूरी रह गई थी कहानी जो ,
भूल कर उसे कोई नई शुरूवात करते है,