मोहब्बत की ये इप्तिदा चाहता है,
मेरा इश्क तुझसे वफ़ा चाहता है,
ये आँखों के दरिया नशीले-नशीले,
इन आँखों में दिल डूबना चाहता है।
Enjoy Every Movement of life!
मोहब्बत की ये इप्तिदा चाहता है,
मेरा इश्क तुझसे वफ़ा चाहता है,
ये आँखों के दरिया नशीले-नशीले,
इन आँखों में दिल डूबना चाहता है।
Har us shaks se door hua hun
jiske paas Jane ki koshish ki hai maine
Mei apni tadap kuch yun bayan karti hu ki
hum yaha aapse baat karne ko marr rahe hain
aur aap gumshuda hokar kahin beparwah bethe honge💔💔💔
मैं अपनी तड़प कुछ यूँ बयान करती हूँ
हम यहाँ आपसे बात करने को मर रहे हैं
और आप गुमशुदा होकर कहीं बेपरवाह बैठे होंगे💔💔💔