शुरु हुआ है सफर अभी, शायद कुछ समझ ना आएगा
फिर जी चाहेगा लौट चलो, पर तुझे तेरा सपना याद आएगा
जो एक बार तूने ठान लिया, तो ये हालात क्या कर पायेगा
अब करनी है मेहनत तुझको, जो चाहा वो मिल जायेगा
Enjoy Every Movement of life!
शुरु हुआ है सफर अभी, शायद कुछ समझ ना आएगा
फिर जी चाहेगा लौट चलो, पर तुझे तेरा सपना याद आएगा
जो एक बार तूने ठान लिया, तो ये हालात क्या कर पायेगा
अब करनी है मेहनत तुझको, जो चाहा वो मिल जायेगा
Don’t settle. Don’t finish crappy books. If you don’t like the menu, leave the restaurant. If you’re not on the right path, get off it
Chris Brogan
