This shayari or poetry is related to the feelings of every individual who want to change their life, who has lost their path and who is demotivated in their life.
This shayari or poetry is related to the feelings of every individual who want to change their life, who has lost their path and who is demotivated in their life.
वो आसमन मै फैला उजाला है,
या मेरे घुस्से पर लगा ताला|
वो पहाडो की चोटी पर सुरज की किरण है,
या जिंदगी सही जिने का आचरण|
वो ना हो तो वर्णमाला अधुरी है,
वो जो सबसे ज्यादा जरुरी है|
डाटता हु तो चुप हो जाती है,
फिर मेरी गोद मै आ कर सिसककर रोती है|
वो मुझसे मेहेंगे तौफे या खिलोने नही चाहती,
वो तो बस कुछ वक्त मेरे साथ बिताना चाहती है|
लोग केहते है बेटिया तो पराया धन होती है,
पर एक बाप से पूछो वो उसके जिनेका मकसद होती है|
बेटीया तो सिर्फ बेटीया होती है|
अच्छा तो तुम मुझे ये बताओ
मेने तुम्हारी ऐसी क्या बिगड़ी थी
जो तुम मुझे इतनी बड़ी सजा दी ।
दिल की बाते अगर जुबान पर आगे
तो बहत बुरी होगी
तुमने मेरे साथ जो कुछ भी किया
वो में किसी और के साथ होने भी नही दूंगी ।
इस लिए वक्त रहे ते ही सुधार जाओ
बरना में मेरे पे आ गई
तो सब कुछ बिगड़ जायेगी ।
इस लिए अब से खुद को सुधरो
बरना किसे पता कल क्या हो
जाएगी ।