beaabaroo hoke mahephil se nikal gaye ham,
kisee aur kee aabaroo kee khaatir…
बेआबरू होके महेफिल से निकल गये हम,
किसी और की आबरू की खातिर…
beaabaroo hoke mahephil se nikal gaye ham,
kisee aur kee aabaroo kee khaatir…
बेआबरू होके महेफिल से निकल गये हम,
किसी और की आबरू की खातिर…
उनके बारे में सोचूं, तो सोच में सुबह से शाम करदूँ..
मेरी दोस्ती कुबूल है उन्हें, क्या ये ज़िक्र शरेआम करदूँ..
अभी कहदूँ या रुकुं थोडा, जो मेरे दिल में बातें हैं..?
मेरा बस चले तो अपनी मुस्कान का कुछ हिस्सा, मैं उनके नाम करदूँ..
Tum jab aaogi khoya hua paogi mujhe
Mere tanhai me khwabo ke siwa kuchh nahi
Mere kamre ko sajane ki tamanna hai tumhe
Mere kamre me kitabo ke siwa kuchh nahi✨
तुम जब आओगी खोया हुआ पाओगी मुझे
मेरी तन्हाई में ख्वाबों के सिवा कुछ नहीं
मेरे कमरे को सजाने की तमन्ना है तुम्हें
मेरे कमरे में किताबों के सिवा कुछ नहीं✨