हर रोज़ आईने से पूछा करते हैं, बता हमारी तक़दीर में क्या है,
ये अकेलापन कभी तो हमारा साथ छोड़ेगा, हमारी ज़िंदगी में उनके साथ की रोशनी लाएगा,
हर बार आईना उदास होकर कहता है,
ये दिल-ए-नादान किसी से इस क़दर मोहब्बत न कर, कि उनके न होने से तेरा वजूद मिट जाए।
ये अकेलापन कभी तो हमारा साथ छोड़ेगा, हमारी ज़िंदगी में उनके साथ की रोशनी लाएगा,
हर बार आईना उदास होकर कहता है,
ये दिल-ए-नादान किसी से इस क़दर मोहब्बत न कर, कि उनके न होने से तेरा वजूद मिट जाए।” target=”_blank” rel=”noopener noreferrer nofolllow external”>Translate Facebook Whatsapp
Ye faisla tha tumara ya zamaane ki faramiash thi….khare utare har mod par jab jab aajmaish ki….huye jo door aapse ye bhi to aap hi ki khawahish thi🥀
ये फैसला था तुम्हारा या ज़माने की फरमाइश थी….खरे उतरे हर मोड़ पर जब जब आजमाइश की….हुए जो दूर आपसे ये भी तो आप ही की ख्वाइश थी🥀