कैसे बताऊं तुम्हे के कौन हो तुम…
हवाओं में फैली है जो खुशबू, उसकी सादगी तुम हो…
मेरी रूह को जो ठंडक दे, वो ताज़गी तुम हो…
सज़दा करू मैं किसका, मेरी दुआओं में तुम,
मेरी वफाओं में तुम, बरसती घटाओं में तुम,
बस तुम ही तुम… तुम हो मेरे आज में मेरे कल में भी तुम,
मेरे हर वक्त में तुम, बस तुम ही तुम…
कैसे बताऊं तुम्हे के कौन हो तुम…
ये धड़कने तुम्हारी है,
मेरे दिल की कीमत समझ लेना,
बिछ जाऊं तुम्हारे क़दमों में,
इसे मेरी मन्नत समझ लेना,
तस्वीर मैं भी हूं तुम्हारी,
मुझे अपनी सीरत समझ लेना…
मेरे साए में भी अब दिखते हो तुम,
कैसे बताऊं तुम्हे के कौन हो तुम…
tainu samjhawa kinjh me pyaar mera
ve tu smjhe hi naa
kare galla har wele marn diyaa
ve jeena tere naal samjhe hi naa
ਤੈਨੂੰ ਸਮਝਾਵਾਂ ਕਿੰਝ ਮੈਂ ਪਿਆਰ ਮੇਰਾ,
ਵੇ ਤੂੰ ਸਮਝੇਂ ਹੀ ਨਾਂ
ਕਰੇ ਗੱਲਾ ਹਰ ਵੇਲੇ ਮਰਨ ਦੀਆਂ,
ਵੇ ਜੀਣਾ ਤੇਰੇ ਨਾਲ ਸਮਝੇਂ ਹੀ ਨਾ