जहान-ए-दिल पे हुकूमत तुम्हे मुबारक हो
रही शिकस्त तो वो अपने नाम कर लूँगा🙃
तुम्हारी जुल्फ के साये में शाम कर लूँगा
सफ़र इस उम्र का पल में तमाम कर लूँगा❤️
नजर मिलाई तो पूछूंगा इश्क का अंजाम
नजर झुकायी तो खाली सलाम कर लूँग 🙏💯
Enjoy Every Movement of life!
जहान-ए-दिल पे हुकूमत तुम्हे मुबारक हो
रही शिकस्त तो वो अपने नाम कर लूँगा🙃
तुम्हारी जुल्फ के साये में शाम कर लूँगा
सफ़र इस उम्र का पल में तमाम कर लूँगा❤️
नजर मिलाई तो पूछूंगा इश्क का अंजाम
नजर झुकायी तो खाली सलाम कर लूँग 🙏💯
धरती सा धीरज दिया और आसमान सी उंचाई है
जिन्दगी को तरस के खुदा ने ये तस्वीर बनाई है
हर दुख वो बच्चों का खुद पे वो सह लेतें है
उस खुदा की जीवित प्रतिमा को हम पिता कहते है..!!
