बड़ा खुदगर्ज इश्क था तुम्हारा
खुद में ही सिमट कर रह गया
रोया मैं भी तेरे बाद बोहोत
फिर चुप चाप कही बैठ गया
और दिल हल्का हुआ तेरे बारे में बोलकर
जब एक दिन में यारो की महफिल में बैठ गया
बड़ा खुदगर्ज इश्क था तुम्हारा
खुद में ही सिमट कर रह गया
रोया मैं भी तेरे बाद बोहोत
फिर चुप चाप कही बैठ गया
और दिल हल्का हुआ तेरे बारे में बोलकर
जब एक दिन में यारो की महफिल में बैठ गया
Aaj thoda naam kmaya to log kehte ke purane dost chor kyu nhi deta,,
Ab unhe kya pta shraab jitni purani hoti hai nasha utna hi gehra hota hai..❤️
आज थोड़ा नाम कमाया तो लोग कहते हैं के पुराने दोस्त छोड़ क्यों नही देता
अब उन्हें क्या पता शराब जितनी पुरानी होती है, नशा उतना ही गहरा होता है..❤️
Jaroori nahi har rishte nu ohdi manzil milje
kujh rishte adhoore v bahut khoobsoorat hunde ne
ਜਰੂਰੀ ਨਹੀ ਹਰ ਰਿਸ਼ਤੇ ਨੂੰ ਓਹਦੀ ਮੰਜਿਲ ਮਿਲਜੇ,
ਕੁਝ ਰਿਸ਼ਤੇ ਅਧੂਰੇ ਵੀ ਬਹੁਤ ਖੁਬਸੂਰਤ ਹੁੰਦੇ ਨੇ…🥀