बिता कल सबका होता है
कुछ दर्द भरा तो
कुछ खुशियो से भरा होता है
छोडके सारे गिले शिकवे
ए दोस्त तू आगे बड
खूशियो से भरा कल
आनेवाला है
बिता कल सबका होता है
कुछ दर्द भरा तो
कुछ खुशियो से भरा होता है
छोडके सारे गिले शिकवे
ए दोस्त तू आगे बड
खूशियो से भरा कल
आनेवाला है
Duniyan nu meri haqiqat
bare pata v nai
ilzaam hazaaran ne
te galti ik v nai
ਦੁਨੀਆ ਨੂੰ ਮੇਰੀ ਹਕੀਕਤ
ਬਾਰੇ ਪਤਾ ਵੀ ਨਹੀਂ
ਇਲਜ਼ਾਮ ਹਜ਼ਾਰਾਂ ਨੇ
ਤੇ ਗਲਤੀ ਇਕ ਵੀ ਨਹੀਂ
चाल अभी धीमी है,
पर कदम जाएंगे मंजिल तक जरूर।
हालात अभी उलझे हैं,
पर बदलेंगे मौसम,बिखरेगा हरसू नूर।
हौसलों की कमी नहीं,
क़्त भले ना हो ज्यादा।
शह मात की खेल है जिंदगी,
मंजिल को पाने की, हम रखते हैं माआदा।
पलकें मूंद जाती हैं झंझावतों से,
रास्ते छुप जाते हैं काले बदली की छाँव में।
गुजरना ही होगा अंधियारे सूने गलियारों से,
आशियाना हो चाहे गांव या शहर में।
लक्ष्य जो बुन लिया है विश्वास के तागों से,
अब रुकना नहीं, न झुकना कहीं तुम सफर में ।
डगर ने चुन लिया है तुम्हें साहस के पदचिन्हों से,
धैर्य,सहनशीलता और जीत, होंगे सहचर तुम्हारे सहर में।।
तरुण चौधरी