चाहत के सिलसिले हुए ना कम,
मिलते रहे फेश टू फेश,
सपने में भी मिलना ना हुआ कम।
Enjoy Every Movement of life!
चाहत के सिलसिले हुए ना कम,
मिलते रहे फेश टू फेश,
सपने में भी मिलना ना हुआ कम।

ताल्लुक कौन रखता है किसी नाकाम से लेकिनमिले जो कामयाबी सारे रिश्ते बोल पड़ते हैंमेरी खूबी पे रहते हैं यहां अहले-जबां खामोशमेरे ऐबों पर चर्चा हो तो गूंगे बोल पड़ते हैं