Koi nishani nahi teri
ik dil te deyi satt nu chhad ke
kol mere taa bechain si
chain mileyaa hona tainu mainu chadd ke
ਕੋਈ ਨਿਸ਼ਾਨੀ ਨਹੀਂ ਤੇਰੀ
ਇੱਕ ਦਿਲ ਤੇ ਦੇਈਂ ਸੱਟ ਨੂੰ ਛੱਡ ਕੇ
ਕੋਲ਼ ਮੇਰੇ ਤਾਂ ਬੇਚੈਨ ਸੀ
ਚੈਨ ਮਿਲਿਆਂ ਹੋਣਾ ਤੈਨੂੰ ਮੇਨੂੰ ਛੱਡ ਕੇ
—ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ 🌷
Koi nishani nahi teri
ik dil te deyi satt nu chhad ke
kol mere taa bechain si
chain mileyaa hona tainu mainu chadd ke
ਕੋਈ ਨਿਸ਼ਾਨੀ ਨਹੀਂ ਤੇਰੀ
ਇੱਕ ਦਿਲ ਤੇ ਦੇਈਂ ਸੱਟ ਨੂੰ ਛੱਡ ਕੇ
ਕੋਲ਼ ਮੇਰੇ ਤਾਂ ਬੇਚੈਨ ਸੀ
ਚੈਨ ਮਿਲਿਆਂ ਹੋਣਾ ਤੈਨੂੰ ਮੇਨੂੰ ਛੱਡ ਕੇ
—ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ 🌷

वन्य जीवों का पता लगाओ ,
सब मिलकर राष्ट्रीय “पशु ” बाघ बचाओ ।
जंगलो को कटने से बचायें ,
जंगल जा -जाकर बाघों का पता लगायें ।
अब पूरे भारत में चौदह सौ ग्यारह बाघ बचे हैं ,
उनमें से आधे तो अभी बच्चे हैं ।
उन्हें बचाने के खातिर जंगल न काटें ,
जगह -जगह पेड़ लगाने के लिए लोगों को बाटें ।
राष्ट्रीय पशु “बाघ” हम सब को बचना है ,
जंगलों को हरा-भरा और बनाना है । रहता वन में और हमारे,
संग-साथ भी रहता है ।
यह गजराज तस्करों के,
ज़ालिम-ज़ुल्मों को सहता है ।।
समझदार है, सीधा भी है,
काम हमारे आता है ।
सरकस के कोड़े खाकर,
नूतन करतब दिखलाता है ।।
मूक प्राणियों पर हमको तो,
तरस बहुत ही आता है ।
इनकी देख दुर्दशा अपना,
सीना फटता जाता है ।।
वन्य जीव जितने भी हैं,
सबका अस्तित्व बचाना है,
जंगल के जीवों के ऊपर,
दया हमें दिखलाना है ।
वृक्ष अमूल्य धरोहर हैं,
इनकी रक्षा करना होगा ।
जीवन जीने की खातिर,
वन को जीवित रखना होगा ।।
तनिक-क्षणिक लालच को,
अपने मन से दूर भगाना है ।
धरती का सौन्दर्य धरा पर,
हमको वापिस लाना है ।।