
Fer kall tere naal nafrat ho gayi taan daga na samjhi..!!

रोशनी भरी थी राहें मेरी, जाने कब अंधेरी हो गई..
मंजिल की तलाश में राहों से यारी, और भी गहरी हो गई..
जिन मंजिलों से लेना-देना ना था, वो बदली और मेरी हो गई..
गैर मंजिलों को इतना वक्त दिया के, खुद मंजिल मेरी खो गई..
खैर कोशिशों में कोई कमी ना थी, जो नाकाम मेरी हो गई..
मेरी मंजिल की तलाश अब भी जारी है, भले क्यूं ना देरी हो गई..
भले क्यूं ना देरी हो गई..
M uss din e pyar krna shddta c
jdo teriya akhiya vich mai kise or lyi pyar vekhea c
Eho hai duaa uss rab toh
tu khush rve apne nve jgg toh…!!****