Dard mein bhi hamne muskurana sikh liya hai.
Dard mein bhi hamne muskurana sikh liya hai.
Aur log bol rahe hai bahut khush lag rahe ho aaj.
Unhe kya bataye kis dard me ji rahe hai aaj.
Dard mein bhi hamne muskurana sikh liya hai.
Dard mein bhi hamne muskurana sikh liya hai.
Aur log bol rahe hai bahut khush lag rahe ho aaj.
Unhe kya bataye kis dard me ji rahe hai aaj.
बिखरे हुए हैं शब्द मेरे, जैसे एक टूटा हुआ साज हूँ,
नि:शब्द हूँ मैं जैसे एक दबी आवाज़ हूँ ,
लिख रहा हूँ मैं अपना दर्द स्याही में,
जैसे कोई अनकही बात हूँ ,
लोगों ने करी है मेरी तारीफ़ें, जैसे मै उनके सर का ताज हूँ ,
नज़रें थी तेज मेरी इस कदर, जैसे मै बाज़ हूँ ,
बीता वो कल जिसमें मिले धोखे मुझे, आज बीता कल भी तरस खाता है मुझपे, जो मैं आज हूँ,
शांत हूँ मैं इन चालाकों के झुंड में, क्यूँकि मैं आने वाले तूफ़ान का आग़ाज़ हूँ ,
जो थे मेरे साथ जब अकेला था मैं, मैं आने वाले कल में भी उनके साथ हूँ ,
और जो सोचते थे कि गिरूँगा मैं लड़खड़ाते हुए ज़िंदगी में, उनके लिए एक बुरा ख़्वाब हूँ ,
सपनो को अपने मैं लेकर उडूँगा एक दिन,
जैसे हवा को चीरता हुआ जहाज़ हूँ ,
पर फ़िलहाल बिखरा हुआ शब्द हूँ, एक टूटा हुआ साज हूँ ।।
ਹਰ ਖ਼ਬਰ ਰਖੀਂ ਖ਼ਬਰਾਂ ਦਸਣੀ ਵੀ ਜ਼ਰੂਰੀ ਹੁੰਦੀ ਆ
ਟੇਕ ਲਵਾਂਗੇ ਹਰ ਦਰ ਤੇ ਮਥੇ
ਜੇ ਕਹਾਣੀ ਇਸ਼ਕ ਦੀ ਐਹ ਪੂਰੀ ਹੁੰਦੀ ਆ
ਜਾਨਣ ਵਾਲਿਆਂ ਲਈ ਵੀ ਅਣਜਾਣ ਹੋ ਗਏ
ਮੈਂ ਜ਼ਿੰਦਗੀ ਚ ਇੱਕ ਗੱਲ ਸਿੱਖੀ
ਕਹਾਣੀ ਪੂਰੀ ਰੱਬ ਦੀ ਮੰਜੂਰੀ ਨਾਲ ਹੁੰਦੀ ਆ
ਉਹ ਜਾਣਦਾ ਐਂ ਕੋਨ ਮਾੜਾ ਤੇ ਕੋਨ ਚੰਗਾ
ਤਾਹੀਂ ਲੋਕਾਂ ਤੋਂ ਐਹ ਸ਼ਾਇਦ ਦੂਰੀ ਹੁੰਦੀ ਆ
ਆਪਣਾਂ ਬਣਾ ਨਾ ਬਹੁਤ ਸੌਖਾ ਹੈ ਹੁੰਦਾ
ਦੇਖ ਮਾੜਾ ਵਕਤ ਲੋਕ ਸਾਥ ਛੱਡ ਜਾਂਦੇ ਨੇ
ਕੁਝ ਪਲ ਦਾ ਪਿਆਰ ਬੱਸ ਮਸ਼ਹੂਰੀ ਹੁੰਦੀ ਆ
—ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ 🌷