इक तरफ ज़मीं से आसमां छूने को जी करता है,
इक तरफ होंठों से ज़मीं चूमने को जी करता है...
इन चार दीवारों की सरहदें भी तो मुक्कमल है,
शाम होते ही दोनों जहां घूमने को जी करता है...
इक तरफ ज़मीं से आसमां छूने को जी करता है,
इक तरफ होंठों से ज़मीं चूमने को जी करता है...
इन चार दीवारों की सरहदें भी तो मुक्कमल है,
शाम होते ही दोनों जहां घूमने को जी करता है...
Howe khushbu mehki preetan di
Sunakhi hawawan di chaal howe..!!
“Roop” ishq kariye esa rabb varga
Marna jina bs ikk de naal howe..!!
ਹੋਵੇ ਖੁਸ਼ਬੂ ਮਹਿਕੀ ਪ੍ਰੀਤਾਂ ਦੀ
ਸੁਨੱਖੀ ਹਵਾਵਾਂ ਦੀ ਚਾਲ ਹੋਵੇ..!!
“ਰੂਪ” ਇਸ਼ਕ ਕਰੀਏ ਐਸਾ ਰੱਬ ਵਰਗਾ
ਮਰਨਾ ਜਿਓਣਾ ਬਸ ਇੱਕ ਦੇ ਨਾਲ ਹੋਵੇ..!!
waqt maadha lok maadhe
chal rahe halaat maadhe
safar fizool eh zindagi da
yaar yaar nu apne apne aa nu maare
ਵਕਤ ਮਾੜਾ ਲੋਕ ਮਾੜੇ
ਚਲ ਰਹੇ ਹਲਾਤ ਮਾੜੇ
ਸਫ਼ਰ ਫਿਜ਼ੂਲ ਏਹ ਜ਼ਿੰਦਗੀ ਦਾ
ਯਾਰ ਯਾਰ ਨੂੰ ਆਪਣੇ ਆਪਣੇਂ ਆ ਨੂੰ ਮਾਰੇ
—ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ 🌷