
muhobat kiven kitti jandi hai
eh mainunahi pata, main tan
puri zindagi sirf ik yaad vich fanah karni hai
ehi mere dil di sajja

muhobat kiven kitti jandi hai
eh mainunahi pata, main tan
puri zindagi sirf ik yaad vich fanah karni hai
ehi mere dil di sajja
Je tu ajh suta reh gya
taan zindagi teri supneyaa ch langegi
je ajh jaag gya taan supne v
haqeeqat bann jange
ਜੇ ਤੂੰ ਅੱਜ ਸੁੱਤਾ ਰਹਿ ਗਿਆ
ਤਾਂ ਜ਼ਿੰਦਗੀ ਤੇਰੀ ਸੁਪਣਿਆਂ ‘ਚ ਲੰਘੇਗੀ
ਜੇ ਅੱਜ ਜਾਗ ਗਿਆ ਤਾਂ ਸੁਪਣੇ ਵੀ
ਹਕੀਕਤ ਬਣ ਜਾਣਗੇ
मंज़िल अभी दूर है, मुसाफिर है बेचैन,
ठोकरें बहुत है राह में,बीत गए वो दिन रैन,
सोचा ना था यूं सौदा करूंगा,
बूंदों सी बारिश में प्यासा चलूंगा,
पसीने से तर है दामन मेरा
कैसे बायां करूं हाल ए दिल अपना के,
कैसे भीगते हैं मेरे नैन,
मंज़िल अभी दूर है, मुसाफिर है बेचैन,
शाम भी बीत गई, सूरज भी ढल गया,
रास्तों पर निकला तो वक्त भी बदल गया,
ठोकरें बहुत खाई अब थोड़ा संभाल गया,
किससे कहूं फिर भी भीगते हैं मेरे नैन,
मंज़िल अभी दूर है, मुसाफिर है बैचेन,
मेरा हिस्सा था जिनमें कुछ लम्हे चुरा लाया हूं,
हर कदम के साथ कुछ करीब आया हूं,
किनारों पर समेटकर कुछ लेहरें लाया हूं,
दो पल ही सही वापस आए वो दिन रैन,
मै ही हूं वो मुसाफिर, मै ही था बेचैन…