एक शक्स यूं मुस्कुराए बैठा है,,
जैसे अपनी हंसी के पीछे बोहत से गम छिपाएं बैठा है…
कहीं कोई पूछ ले हाल उसका तो रो ना दे वो,,
इसीलिए वो अपनी नज़रे यूं झुकाएं बैठा है…
एक शक्स यूं मुस्कुराए बैठा है ।।🥀
Enjoy Every Movement of life!
एक शक्स यूं मुस्कुराए बैठा है,,
जैसे अपनी हंसी के पीछे बोहत से गम छिपाएं बैठा है…
कहीं कोई पूछ ले हाल उसका तो रो ना दे वो,,
इसीलिए वो अपनी नज़रे यूं झुकाएं बैठा है…
एक शक्स यूं मुस्कुराए बैठा है ।।🥀
मरहम घाव ढूंढ रहे हैं, पत्ते छांव ढूंढ रहे हैं,
मंजिलें थोड़ी दूर हैं, रास्ते पांव ढूंढ रहे हैं...
गुमराह करने वालों की भीड़ बहुत बड़ी है
वहां मत जाना वो चलने को बस दाव ढूंढ रहे हैं...
बेच देंगे वो सरकारें भी इक दिन
मिलने का सही भाव ढूंढ रहे हैं...
बेगुनाहों को बेजान करना आदत है इनकी
बस, मूंछों को देने के लिए झूठा ताव ढूंढ रहे
हैं...
