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Gunwaan istri || punjabi poem

Gunwaan istri || punjabi poem


Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


बंदिशों से कैसे करूं खुदकी हिफाज़त मैं ||beautiful hindi shayari

बंदिशों से अब कैसे खुदकी करूं हिफाज़त मैं,
सवेरे से है मोहब्बत पर, अंधेरों में रहने कि आदत है…
आफ़त है कि चिराग़ का इल्म कैसे होगा,
पता नहीं जब सवेरा होगा तो क्या होगा…
क्या होगा जो खुदसे कर लूं बगावत मै,
जीत लूं खुदको अगर हार जाऊं तो आफ़त है…
हारने का शोंक नहीं लड़ना अब रास नहीं आता,
सब कहते है मुझे तू हरकतों से बाज़ नहीं आता…
देखो, हरकतों में भी मेरी तहज़ीब और शराफत है,
जीत लेंगे दुनिया भी अगर रब की इजाज़त है… 🙃

Title: बंदिशों से कैसे करूं खुदकी हिफाज़त मैं ||beautiful hindi shayari


Zindagi me koi pyaar se pyaara nahi milta

जिंदगी में कोई प्यार से प्यारा नही मिलता,

जिंदगी में कोई प्यार से प्यारा नही मिलता,

जो है पास आपके उसको सम्भाल कर रखना,

क्योंकि एक बार खोकर प्यार दोबारा नही मिलता.

Title: Zindagi me koi pyaar se pyaara nahi milta